
Odisha ओडिशा : पुरी शहर में जगन्नाथ मंदिर के अधिकारियों ने मंदिर के नियमों का उल्लंघन करने के आरोप में तीन सेवकों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की है।
श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन के प्रमुख अरबिंद पाधी ने श्री जगन्नाथ मंदिर अधिनियम 1955 की धारा 21 (ए) के तहत तीनों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की। SJTA प्रमुख ने अनुशासनहीनता के आरोप में सुआर बाडू सेवक नारायण पांडा और खुंटिया सेवक राजाराम खुंटिया को दो महीने के लिए मंदिर की सेवा से सस्पेंड कर दिया।
कहा जाता है कि कुछ दिन पहले दोनों के बीच मंदिर परिसर में भक्तों के चढ़ावे को बांटने को लेकर झगड़ा हुआ था। आरोप है कि दोनों सेवकों ने मंदिर के नियमों का उल्लंघन करते हुए भक्तों से पैसे लिए थे। SJTA ने कहा कि इस घटना से मंदिर की सुरक्षा और गरिमा दोनों पर असर पड़ा था। पाधी ने महाप्रसाद बनाने में वनस्पति घी के कथित इस्तेमाल के सिलसिले में महासुआर सेवक बेना महासुआर को भी सस्पेंड कर दिया है। SJTA ने बताया कि महासुआर को दो महीने के लिए सस्पेंड किया गया है।
मंदिर प्रशासन ने पहले इस संबंध में महासुआर से स्पष्टीकरण मांगा था।





